डीएसपी पर आरोप लगाने वाले होटल कारोबारी पर कोर्ट का शिकंजा, गिरफ्तारी वारंट जारी
छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में पदस्थ डीएसपी कल्पना वर्मा पर गंभीर आरोप लगाने वाले रायपुर के होटल कारोबारी दीपक टंडन अब खुद कानूनी संकट में फंसते नजर आ रहे हैं। कोरबा कोर्ट ने करीब 28 लाख रुपये की वित्तीय अनियमितता से जुड़े एक मामले में लगातार गैर-हाजिर रहने पर टंडन के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी कर दिया है।
जानकारी के मुताबिक अदालत ने 12 दिसंबर को दीपक टंडन को पेश होने का निर्देश दिया था। नोटिस मिलने के बावजूद उनकी उपस्थिति दर्ज नहीं होने पर कोर्ट ने सख्त रुख अपनाते हुए यह कार्रवाई की।
इससे पहले होटल कारोबारी दीपक टंडन ने दंतेवाड़ा की डीएसपी कल्पना वर्मा पर रिश्वत, ब्लैकमेलिंग और धोखाधड़ी जैसे गंभीर आरोप लगाए थे। टंडन का दावा था कि उन्होंने डीएसपी को महंगे उपहार दिए और निजी संबंधों के दबाव में करीब दो करोड़ रुपये मूल्य की चीजें सौंपीं। उन्होंने कथित चैट और वीडियो कुछ पत्रकारों को भेजे थे, जिन्हें बाद में हटाने की कोशिश भी की गई।
डीएसपी ने आरोपों को बताया निराधार
पूरे मामले में डीएसपी कल्पना वर्मा ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने कहा कि यह उन्हें बदनाम करने की साजिश है और उनकी छवि खराब करने का प्रयास किया जा रहा है। डीएसपी ने किसी भी तरह के गलत संबंध या पैसों के लेन-देन से इनकार करते हुए कहा कि वह हर प्रकार की जांच के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
कल्पना वर्मा ने यह भी स्पष्ट किया कि होटल कारोबारी द्वारा लगाए गए पैसे वसूलने और कार लेने के आरोप झूठे हैं। उनका कहना है कि वह टंडन के होटल में अपने पिता के बकाया 42 लाख रुपये की राशि लेने गई थीं। वायरल बताए जा रहे सीसीटीवी फुटेज और चैट को भी उन्होंने भ्रामक बताया है।
कारोबारी दंपत्ति के गंभीर आरोप
वहीं होटल कारोबारी दीपक टंडन और उनकी पत्नी बरखा टंडन का आरोप है कि रिश्ते के दौरान उन्होंने अलग-अलग समय और माध्यम से डीएसपी को दो करोड़ रुपये से अधिक की रकम दी। बरखा टंडन का दावा है कि दबाव में आकर उन्होंने 45 लाख रुपये का एक चेक भी दिया था। साथ ही 22 लाख रुपये की एक कार, जो उनके नाम पर थी, उसे भी डीएसपी ने अपने पास रख लिया। दंपत्ति का कहना है कि जब उन्होंने पैसे और संपत्ति वापस मांगी, तब विवाद और गहराता चला गया।
क्या है पूरा मामला
पूरा विवाद राजधानी रायपुर के एक होटल कारोबारी और महिला डीएसपी के बीच निजी और आर्थिक संबंधों को लेकर सामने आया है। बताया जा रहा है कि वर्ष 2021 में, जब कल्पना वर्मा महासमुंद में पदस्थ थीं, तब उनके एक बैचमेट ने उनकी मुलाकात दीपक टंडन से कराई थी। शुरुआती बातचीत धीरे-धीरे मुलाकातों में बदली और बाद में माना में स्थानांतरण के बाद संबंध और गहरे हो गए। दोनों परिवार भी एक-दूसरे के संपर्क में आए।
टंडन का कहना है कि वह इस संबंध को व्यापारिक साझेदारी के रूप में देखते थे, जबकि डीएसपी किसी नए व्यवसाय की शुरुआत में रुचि रखती थीं। इसी दौरान उनके भाई से जुड़े कुछ आर्थिक मामलों में मदद की बात भी सामने आई।
अब एक ओर कारोबारी पर कोर्ट की सख्ती बढ़ गई है, तो दूसरी ओर डीएसपी पर लगे आरोपों की जांच और सच्चाई को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। मामला अब कानूनी और प्रशासनिक दोनों स्तरों पर गंभीर मोड़ लेता दिख रहा है।