Putin India Visit Live: पुतिन का भारत दौरे का दूसरा दिन, राष्ट्रपति भवन में स्वागत — मोदी-पुतिन की अहम बैठक, आज होगा वार्षिक शिखर सम्मेलन
नई दिल्ली। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के भारत दौरे का आज दूसरा दिन है। शुक्रवार सुबह राष्ट्रपति भवन में उनका औपचारिक स्वागत किया गया। इसके बाद पुतिन ने राजघाट जाकर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी।
आज भारत और रूस के बीच वार्षिक शिखर सम्मेलन आयोजित होगा, जहां दोनों नेता रक्षा, ऊर्जा, व्यापार और वैश्विक मुद्दों पर चर्चा करेंगे। समिट के बाद पुतिन RT के नए इंडिया चैनल का शुभारंभ करेंगे। शाम को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु उनके सम्मान में राजकीय भोज देंगी।
मोदी ने कहा—”आपकी यात्रा ऐतिहासिक, हमारे संबंधों के 25 वर्ष पूरे”
रूसी राष्ट्रपति पुतिन के साथ बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि हमारा शिखर सम्मेलन कई परिणामों के साथ आगे बढ़ रहा है। आपकी यात्रा ऐतिहासिक है। 2001 में पहली बार भारत आने और पदभार संभालने के बाद आज 25 वर्ष पूरे हो गए हैं। उस यात्रा ने रणनीतिक साझेदारी की मजबूत नींव रखी थी। मुझे खुशी है कि हमारे व्यक्तिगत संबंध भी 25 वर्ष पूरे कर चुके हैं। दूरदर्शी नेतृत्व कैसे संबंधों को नई दिशा देता है, इसका यह एक उदाहरण है।
मोदी ने आगे कहा कि विश्व का कल्याण केवल शांति के मार्ग से ही संभव है। हमें मिलकर शांति के रास्ते तलाशने होंगे। हाल के प्रयासों से मुझे विश्वास है कि दुनिया एक बार फिर शांति की ओर लौटेगी।
हैदराबाद हाउस में द्विपक्षीय वार्ता
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति पुतिन ने हैदराबाद हाउस में उच्चस्तरीय द्विपक्षीय बैठक की। इस बैठक में विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल, प्रधानमंत्री के प्रधान सचिव और अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
यूक्रेन संकट पर पुतिन का बयान
यूक्रेन संकट पर बोलते हुए व्लादिमीर पुतिन ने प्रधानमंत्री मोदी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि मुझे आमंत्रित करने के लिए धन्यवाद। मैं यूक्रेन में हो रही घटनाओं पर काफी जानकारी साझा कर सकता हूं। हम अमेरिका सहित अपने कुछ साझेदारों के साथ संभावित शांतिपूर्ण समाधान पर विचार कर रहे हैं। इस स्थिति को सुलझाने में आपके व्यक्तिगत ध्यान के लिए धन्यवाद। हमारे संबंध इतिहास में गहराई से निहित हैं और हम इसकी अत्यंत सराहना करते हैं।
भारत-रूस शिखर सम्मेलन से रक्षा सहयोग, ऊर्जा परियोजनाओं और व्यापार विस्तार को लेकर महत्वपूर्ण घोषणाओं की उम्मीद है।